देवासी दर्पण हिन्दी वार्षिक पत्रिका में आप पढेंगे आज तक कितने राजकीय कर्मचारी बनें और समाज ने कितनी तरक्की की साथ ही यह भी जानेंगे की अपनो को और कितनी तरक्की की जरूरत हैं ! देवासी समाज को एकजुट होने क़ि आज की महती जरुरत है और शिक्षा की कमी को दूर करने के लिए शिक्षित लोग आगे आए ?

Thursday, August 26, 2010

हम चले परदेश .......!

हम चले परदेश .......!